भारत के विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने साइप्रस और ऑस्ट्रिया की यात्रा मंगलवार (3 जनवरी) को पूरी कर ली. इस दौरान उन्होंने दोनों देशों के शीर्ष नेतृत्व से बातचीत की और कई समझौतों पर हस्ताक्षर भी किए. बतौर विदेश मंत्री जयशंकर की यह पहली ऑस्ट्रिया यात्रा थी. पिछले 27 साल में पहली बार भारत के किसी विदेश मंत्री ने ऑस्ट्रिया की यात्रा की है.
ऑस्ट्रिया की यात्रा के दौरान विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान पाकिस्तान को आतंक का एपीसेंटर कहा था. उन्होंने कहा था कि भारत आतंक के एपीसेंटर से बहुत नजदीक है, इसलिए बाकी के देशों को हमसे सीखना चाहिए कि आतंक से कैसे बचा जाए. पाकिस्तान से बाकी के देशों को बचके रहना चाहिए.
एस जयशंकर के एपीसेंटर वाले बयान के बाद पाकिस्तान पूरी तरह से बौखला चुका है. विदेश मंत्री के बयान के बाद पाकिस्तानी विदेश मंत्रालय ने अपनी तरफ से बयान जारी करते हुए कहा कि भारत के विदेश मंत्री का बयान हमें बदनाम करने के लिए इस्तेमाल किया गया है. हम इसकी कड़ी निंदा करते हैं. भारत के विदेश मंत्री के आरोपों को पाकिस्तान सरकार पूरी तरह से खारिज करती है. ये पड़ोसी देश की हमें बदनाम करने की साजिश है. पाकिस्तानी विदेश मंत्रालय ने कहा कि भारत इंटरनेशनल लेवल पर पाकिस्तान के खिलाफ प्रोपेगेंडा चलाता है. उन्हें ऐसा करने से खुद को रोकना चाहिए.