रेंज में दो साल के कार्यकाल के दौरान पीड़ितों को न्याय दिलाने हर समय मदद करने का किया प्रयास : आईजी डांगी
बिलासपुर । रेंज में दो साल के कार्यकाल के दौरान पीड़ितों को न्याय दिलाने हर समय मदद करने का प्रयास किया है। इसके साथ ही इंटरनेट मीडिया के माध्यम से हर समय पीड़ितों की समस्या को सुना गया। साथ ही उन्हें तत्काल राहत दिलाने कोशिश की गई। इसमें बहुत हद तक सफल भी रहे। इस बात की संतुष्टी है। यह कार्यकाल कई मायनों में महत्वपूर्ण रहा। ये बातें आइजी रतनलाल डांगी ने कही।
बिलासपुर रेंज में दो साल के कार्यकाल के बाद सोमवार को आइजी रतनलाल डांगी ने आइपीएस बीएन मीणा को प्रभार सौंप दिया है। इस दौरान उन्होंने चर्चा करते हुए बताया कि यह कार्यकाल संतुष्टीप्रद रहा। अपने कार्यकाल के दौरान हर बड़े अपराध की सूचना पर तत्काल मौके पर पहुंचकर अधिनस्थ कर्मचारियों को दिशा निर्देश दिया गया। साथ ही उनका मनोबल बढ़ाते हुए मामले का निराकरण किया गया। कई मामलों में खुद थानों में बैठकर जांच की निगरानी की। इसके बेहतर परिणाम भी मिले। अपहरण और गंभीर मामलों में रायगढ़ से लेकर शहर के थानों तक पहुंचकर जानकारी ली। इससे पुलिसकर्मियों को हौसला मिला।
वाट्सएप से मिली शिकायतों पर दिलाई राहत
आइजी रतनलाल डांगी ने रेंज में पदभार लेते ही अपने मोबाइल नंबर सार्वजनिक कर दिया। इससे उन्हें अपराध और अपराधियों की जानकारी सीधे पीड़ितों से मिलती रही। इससे पीड़ितों को कई बार तत्काल राहत भी मिली। साथ ही अपराध में लिप्त लोगों पर तत्काल कार्रवाई की गई। इससे आम लोगों के बीच पुलिस के पक्ष में अच्छा संदेश गया।
कोरबा जिले की दो युवतियां ट्रेन में बिलासपुर से दिल्ली के बीच सफर कर रही थीं। यात्रा के दौरान कुछ बदमाश युवतियों को परेशान करने लगे। युवतियों ने आइजी रतनलाल डांगी को ट्विट कर इसकी जानकारी दी। साथ ही उनसे मदद की गुहार लगाई। इस पर आइजी डांगी ने तत्काल आरपीएफ, महाराष्ट्र पुलिस से संपर्क कर युवतियों को मदद उपलब्ध कराया।