एक के बाद एक हो रहे बदलाव से बखूबी अंदाजा लगाया जा सकता है कि भाजपा अभी से ही चुनावी मूड में आ गई है
आखिर कौन हैं ओम माथुर, उन्हें छत्तीसगढ़ की कमान क्यों सौंपी गई है. उनकी चुनाव में क्या भूमिका रहने वाली है. ओम माथुर की अन्य राज्यों में किस तरह की गतिविधियां रही हैं. आइए इसको जानने की कोशिश करते हैं.
मोदी और शाह के करीबी हैं ओम माथुर राजनीतिक पंडितो की माने तो "70 वर्षीय ओम माथुर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के काफी करीबी माने जाते हैं. यही वजह है कि उन्हें इस बार छत्तीसगढ़ की कमान सौंपी गई है. जिससे यहां पर कमजोर पड़ रही भाजपा को मजबूती प्रदान की जा सके।
ओम माथुर राजस्थान से राज्यसभा सांसद है. वे उत्तर प्रदेश जैसे बड़े राज्य के प्रभारी रह चुके हैं. उत्तर प्रदेश में हुए पिछले चुनाव में उनकी महत्वपूर्ण भूमिका रही उत्तर प्रदेश में मिली जीत में माथुर का भी बहुत बड़ा योगदान रहा है. इसके अलावा माथुर गुजरात और महाराष्ट्र के प्रभारी भी रह चुके हैं. ऐसे में कहा जा सकता है कि माथुर अब तक सफल प्रदेश प्रभारी रह चुके हैं. ओम माथुर आरएसएस की पृष्ठभूमि से आते हैं. वह आरएसएस के राष्ट्रीय प्रचारक भी रह चुके हैं. अब माथुर को पार्टी ने एक बड़ी जवाबदारी सौंपी है माथुर को छत्तीसगढ़ का प्रभारी बनाया गया है।
छत्तीसगढ़ में पिछले विधानसभा चुनाव में जिस तरह से भाजपा को करारी हार का सामना करना पड़ा है. इसकी उम्मीद तो शायद बीजेपी ने कभी सपने में भी नहीं की थी. यही वजह है कि अब छत्तीसगढ़ में कुछ सीटों पर सिमट चुकी भाजपा को वापस पुरानी स्थिति में लाने के लिए पार्टी ने ओम माथुर को बड़ी जिम्मेदारी सौंपी है. विधानसभा चुनाव के साथ साथ बीजेपी को साल 2024 में होने वाले लोकसभा चुनाव की भी फिक्र है शायद यही वजह है कि बीजेपी ने ओम माथुर जैसे कद्दावर नेता को छत्तीसगढ़ में पार्टी के प्रदेश प्रभारी की बागडोर सौंपी है.
माथुर एक सधे हुए नेता हैं उन्हें राजनीति में पारंगत हासिल है छत्तीसगढ़ में जिस तरह से भाजपा विधानसभा में चुनाव में हारी थी उसके बाद वापस भाजपा को पुरानी स्थिति में लाने की तैयारी की जा रही है पिछली विधानसभा चुनाव की हार से से उबरने की जवाबदारी पार्टी ने माथुर को सौंपी है जिस तरह से माथुर का पुराना रिकॉर्ड रहा है वह छत्तीसगढ़ में भी पार्टी को मजबूती प्रदान कर सकते हैं स्वाभाविक है कि उनकी नियुक्ति का असर आगामी विधानसभा चुनाव में भी देखने को मिल सकता है".
भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने कई राज्यों के अपने नए प्रभारी नियुक्त किए हैं. उत्तर पूर्व राज्यों का संयोजक संबित पात्रा को बनाया गया हरियाणा के प्रभारी विप्लव देव, झारखंड के प्रभारी लक्ष्मीकांत वाजपेयी, केरल की जिम्मेदारी प्रकाश जावड़ेकर, मध्य प्रदेश के प्रभारी मुरलीधर राव, पंजाब की जिम्मेदारी विजय रुपाणी, तेलंगाना की जिम्मेदारी तरुण चुग, राजस्थान की कमान अरुण सिंह, त्रिपुरा का इंचार्ज महेश शर्मा और बिहार में विनोद तावडे को प्रभारी बनाया है. जबकि हरीश द्विवेदी को सह प्रभारी बनाया गया और पश्चिम बंगाल में मंगल पांडे प्रभारी बनाए गए हैं ।