13 सूत्रीय मांगों को लेकर सरपंच संघ बैठे धरने पर .......मुख्यमंत्री के नाम एस डी एम को सौंपे ज्ञापन......धरने के दौरान दस दिनों में मांग पूरी नहीं करने पर उग्र आंदोलन की दी चेतावनी...
कसडोल। भूपेश सरकार की काम-काज,रूप-रेखा से नाराज आज प्रदेशभर में विभिन्न विभागों में कार्यरत अधिकारी-कर्मचारी अपनी मांगों को लेकर हड़ताल पर हैं।वही पंचायती-राज के मुख्या पंच-सरपंचो ने भी भूपेश सरकार की काम-काज से नाराज होकर सरपंच संघ कसडोल ने प्रदेश सरपंच संघ की 13 सूत्रीय मांगों की समर्थन में काम-बंद,कलम-बंद कर जनपद पंचायत कसडोल में हड़ताल में धरने पर बैठेंगे।इसी तारतम्य में आज प्रदेश सरपंच संघ के उपाध्यक्ष भरतदास मानिकपुरी के नेतृत्व में मुख्यकार्यपालन अधिकारी,थाना प्रभारी, तथा अनुविभागीय अधिकारी राजस्व कसडोल को समस्त सरपंच संघ कसडोल की उपस्थिति में ज्ञापन दिया।जिसमें अपने लिखित आवेदनो में मँगानुरूप यह है कि01. सरपंचों का मानदेय राशि 20000 /- एवं पंचों का मानदेय राशि 5000/- रूपये
की वृद्धि की जाये।
02. सरपंचों को आजीवन 10000/- रूपये पेंशन दिया जाये।03.
50 लाख राशि तक के सभी कार्य में कार्य एजेंसी पंचायत को ही बनाया जाए।04. सरपंच निधि के रूप में राज्य सरकार के द्वारा प्रत्येक पंचायत को प्रतिवर्ष 10 लाख रूपये दिया जाना चाहिए।
05. नक्सलियों द्वारा सरपंच को मारे जाने पर 20 लाख रूपये मुआवजा राशि एवं परिवार के एक सदस्य को नौकरी दिया जाना चाहिए।
06. 15वां वित्त आयोग अनुदान राशि केवल उसी ग्राम पंचायत के लिए होना चाहिए।
07. 15वां वित्त आयोग के राशि को अन्य योजनाओं के निर्माण कार्य में अभीशरण नहीं किया जाना चाहिए।08.नरेगा सामग्री राशि हर 03 महिने के अंदर में भुगतान होना चाहिए।
09. नरेगा निर्माण कार्य प्रारम्भ करने के लिए 40 प्रतिशत अग्रिम राशि प्रदान किया जाना चाहिए।
10. छत्तीसगढ़ सरपंचो का कार्यकाल को कोराना महामारी के कारण सरपंचो का कार्यकाल में दो वर्ष की वृद्धि की जाए।
11. प्रधानमंत्री आवास ग्रामीण योजनांतर्गत आवास की राशि को महंगाई दर को देखते हुए 2 लाख रूपये वृद्धि करने की कृपा की जाए। 12.अविस्वास प्रस्ताव मे संशोधन कर जन्ता के हांथों में दिया जाना चाहीए।
13. धारा 40 में तत्काल संशोधन किया जाना चाहिए।
उक्त संपूर्ण बिन्दुओं में 10 दिवस के भीतर किसी भी प्रकार का निर्णय नही लिया गया और सरपंच संघ छत्तीसगढ़ को कोई लिखित पत्र नहीं दिया गया तो 10 दिवस पश्चात् पुनः सरपंच संघ छत्तीसगढ़ राज्य व्यापी आंदोलन व धरना प्रदर्शन करेगी जिसकी सम्पूर्ण जिम्मेदारी छत्तीसगढ़ सरकार की होगी।